उप सम्पादक जीत बहादुर चौधरी की रिपोर्ट
04/12/2025
काठमाण्डौ,नेपाल – रूस के प्रेसिडेंट व्लादिमीर पुतिन आज दो दिन के दौरे पर भारत आ रहे हैं। उनके आने को देखते हुए सिक्योरिटी कड़ी कर दी गई है।
सुत्रो के मुताबिक, पुतिन गुरुवार को भारतीय समय के मुताबिक शाम 4 बजे नई दिल्ली पहुंच रहे हैं। उनका भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ कई मुद्दों पर चर्चा करने का प्लान है।
*पुतिन 28 घंटे नई दिल्ली में रहेंगे*
यात्रा से जुड़े सरकारी अधिकारी शुक्रवार को पुतिन का औपचारिक स्वागत करेंगे। उनके औपचारिक स्वागत के बाद 23वीं भारत-रूस समिट शुरू होगी।
अधिकारियों के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी हैदराबाद हाउस में पुतिन और उनके डेलीगेशन के लिए लंच होस्ट करेंगे। पुतिन शुक्रवार सुबह महात्मा गांधी की समाधि राजघाट भी जाएंगे।
समिट के बाद, पुतिन के रूस के सरकारी ब्रॉडकास्टर भारत चैनल को लॉन्च करने की भी उम्मीद है। उसके बाद, प्रेसिडेंट द्रौपदी मुर्मू उनके सम्मान में एक सरकारी दावत देंगी।
*पुतिन शुक्रवार रात करीब 9:30 बजे भारत से रवाना होंगे।*
सुत्र ने बताया कि समिट में भारत के रूस से कच्चे तेल की बड़ी खरीद के कारण बढ़ते ट्रेड डेफिसिट का मुद्दा उठाया जा सकता है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, समिट में रूस से कच्चे तेल की भारत की खरीद पर US सेंक्शन के असर पर भी चर्चा हो सकती है।
*कई एग्रीमेंट पर साइन होने की संभावना है*
समिट में पुतिन प्रधानमंत्री मोदी को यूक्रेन विवाद को खत्म करने के लिए US की कोशिशों के बारे में जानकारी दे सकते हैं।
भारत ने लगातार कहा है कि युद्ध खत्म करने का एकमात्र तरीका बातचीत और डिप्लोमेसी है।
मोदी और पुतिन के बीच बातचीत के दौरान दोनों देशों के बीच कई एग्रीमेंट पर साइन होने की संभावना है, जिसमें भारतीय वर्कर्स के रूस आने-जाने को आसान बनाने के लिए एक एग्रीमेंट और डिफेंस कोऑपरेशन पर एक एग्रीमेंट शामिल है।
भारत को फार्मा, एग्रीकल्चर, फूड प्रोडक्ट्स और कंज्यूमर गुड्स के सेक्टर में रूस को भारतीय एक्सपोर्ट में भी काफी बढ़ोतरी की उम्मीद है।
भारतीय अधिकारियों ने कहा है कि भारत फर्टाइल रीजन में कोऑपरेशन बढ़ाने की दिशा में काम कर रहा है।
रूस हर साल भारत को 3 से 4 मिलियन टन फर्टिलाइजर सप्लाई करता है।
अधिकारियों के मुताबिक, दोनों पक्ष ट्रेड, एजुकेशन, एग्रीकल्चर और कल्चर जैसे एरिया में कई एग्रीमेंट साइन कर सकते हैं।
*समिट से पहले डिफेंस मिनिस्टर से बातचीत*
समिट से पहले, दोनों देशों के डिफेंस मिनिस्टर गुरुवार को मिलने वाले हैं।
गुरुवार को भारतीय डिफेंस मिनिस्टर राजनाथ सिंह और उनके रूसी काउंटरपार्ट आंद्रेई बेलौसोव के बीच बातचीत एजेंडा पर फोकस करेगी, जिसमें रूस से S-400 मिसाइल सिस्टम खरीदने, फाइटर जेट और दूसरे ज़रूरी मिलिट्री इक्विपमेंट को अपग्रेड करने में भारत की दिलचस्पी शामिल है।
*पुतिन 2021 में भी भारत आए थे*
भारत के प्रधानमंत्री और रूसी प्रेसिडेंट हर साल भारत-रूस रिश्तों के सभी पहलुओं का रिव्यू करने के लिए समिट करते हैं। अब तक भारत और रूस के बीच 22 सालाना समिट हो चुके हैं।
रूसी प्रेसिडेंट पुतिन पिछली बार 2021 में नई दिल्ली आए थे। भारतीय प्रधानमंत्री मोदी पिछले साल जुलाई में सालाना समिट के लिए मॉस्को गए थे।







