अमेरिका से 37 और नेपाली नागरिक निर्वासित

 

नेपाल,भारत सीमा उप सम्पादक जीत बहादुर चौधरी की रिपोर्ट
02/09/2025

काठमाण्डौ,नेपाल – अमेरिका से 37 और नेपाली नागरिकों को निर्वासित किया गया है।

अमेरिकी आव्रजन एवं सीमा शुल्क प्रवर्तन (ICE) बुधवार (3 सितंबर) को सभी निर्वासित नागरिकों को एक चार्टर्ड उड़ान से नेपाल लाने वाला है।

आव्रजन विभाग के महानिदेशक राम चंद्र तिवारी ने बताया कि उन्हें मंगलवार दोपहर को सूचित किया गया कि उन्हें ओमनी एयर की एक चार्टर्ड उड़ान से भेजा जाएगा। अमेरिका उन्हें N828AX नंबर वाली उड़ान से नेपाल भेज रहा है।

अमेरिकी राष्ट्रपति के रूप में डोनाल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल की शुरुआत के बाद से, अमेरिका इस तरह से 200 से ज़्यादा नेपाली नागरिकों को वापस भेज चुका है।

अब तक, निर्वासित और नेपाल वापस भेजे गए लोग 28 ज़िलों से हैं। जिन लोगों को पहले निर्वासित किया गया है, वे दांग, पश्चिमी रुकुम, पूर्वी रुकुम, सल्यान, म्याग्दी, पर्वत, बांके, रोल्पा, बागलुंग, सिंधुपालचौक, काठमाण्डौ, जाजरकोट, दोलखा, कास्की, कैलाली, कंचनपुर, गोरखा, जुमला, झापा, डोटी, दोल्पा, धनकुटा, परसा, मकवानपुर, मुस्तांग, मोरंग, सिंधुली और सुनसरी जिलो से हैं।

अमेरिका से निर्वासित लोगों में सबसे बड़ी संख्या दांग, पश्चिमी रुकुम और पूर्वी रुकुम जिला से है।

पुलिस के अनुसार, जिन लोगों को ‘निर्वासित’ किया गया है, उनमें से अधिकांश संगठित गिरोहों को पैसे देकर निचले रास्ते (अवैध मार्ग) से अमेरिका में दाखिल हुए हैं।

ट्रम्प के दूसरे कार्यकाल के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति चुने जाने और 20 जनवरी, 2025 को पदभार ग्रहण करने के बाद, अमेरिका ने अवैध रूप से रह रहे नेपालियों सहित सभी अप्रवासियों को निष्कासित करने की नीति अपनाई है।

अमेरिका ने नेपाल सहित अन्य देशों से अमेरिका पहुँचे 14.45 लाख 549 लोगों को अपने नियंत्रण में लेने के लिए सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया है, जिनमें निर्वासन सूची में शामिल लोग भी शामिल हैं।

इनमें से सबसे ज़्यादा संख्या मेक्सिको, अल सल्वाडोर, भारत, ग्वाटेमाला, होंडुरास और वेनेज़ुएला से अमेरिका में प्रवेश करने वालों की है, जो ‘निर्वासन’ की सूची में हैं।

ट्रम्प प्रशासन के सत्ता में आने के बाद से, ICE ने हाल ही में उन लोगों को गिरफ़्तार करके संबंधित देश वापस भेजने का अभियान शुरू किया है, जिन्हें 24 नवंबर, 2024 तक ‘निर्वासन’ के अंतिम आदेश मिल चुके हैं, लेकिन गिरफ़्तार नहीं किए गए हैं।

पहले चरण में, 24 जून, 2015 के बाद अमेरिका में प्रवेश करने वाले और अमेरिका छोड़ने का आदेश प्राप्त करने वाले अनिर्दिष्ट अप्रवासियों को ‘निर्वासित’ किया जा रहा है।

Please Share this News
  • Ramchandra Rawat

    चीप एडिटर - इंडिया न्यूज़ जक्शन

    सम्बंधित ख़बर

    पत्रकार सत्यम मिश्रा के हमलावरों की तत्काल हो गिरफ्तारी – सेराज अहमद कुरैशी

      गोंडा, उत्तर प्रदेश। इंडियन जर्नलिस्ट एसोसिएशन ® के राष्ट्रीय अध्यक्ष सेराज अहमद कुरैशी ने पत्रकार सत्यम मिश्रा पर हुए हमले की कड़ी शब्दों निंदा करते हुए कहा कि पत्रकारों…

    Please Share this News

    सीरतुन्नबी कॉम्पिटिशन सीजन-2 की विजेता बनीं नगमा खातून, जीता फ्री उमराह पैकेज व ट्राफी

      सीरतुन्नबी, कुरआन और साइंस के तालमेल पर हुआ विशेष व्याख्यान। कलमा शरीफ पढ़ने की मुहिम भी शुरू, दो करोड़ 39 लाख 58 हजार 838 दुरूद शरीफ पेश की। सेराज…

    Please Share this News

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *