कोशी पर्यटन वर्ष: भारतीय पर्यटकों की पसंदीदा पूर्वी पहाड़ियाँ

 

उप सम्पादक जीत बहादुर चौधरी की रिपोर्ट
24/10/2024

काठमाण्डौ,नेपाल – कोशी प्रांतीय सरकार प्रांत में पर्यटन के विकास और संवर्धन के लिए पर्यटन वर्ष 2025 मना रही है।

पड़ोसी भारत और तीसरे देशों से 15 लाख पर्यटकों को लाने के लक्ष्य के साथ शुरू हुए इस पर्यटन वर्ष के छह महीने पूरे हो गए हैं।

भारत के बिहार निवासी कमलेश शर्मा अपने चार सदस्यीय परिवार के साथ एक सप्ताह से नेपाल में ठहरे हुए हैं। कन्याम, इलाम में मुलाकात के दौरान उन्होंने कहा, “मैं पहले भी दोस्तों के साथ नेपाल घूमने आया था, लेकिन यह पहली बार है जब मैं अपने परिवार के साथ नेपाल आया हूँ।”

उनके अनुसार, इस वर्ष की यात्रा पिछले वर्षों की तुलना में बहुत आसान और अधिक सुखद रही है। शर्मा कहते हैं कि उनके जैसे कई अन्य भारतीय नागरिक नेपाल जाना पसंद करते हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें किफायती दामों पर गुणवत्तापूर्ण होटलों में ठहरने का मौका मिला है।

हालाँकि प्रांतीय सरकार ने बैसाख, जेठ और आषाढ़ के पहले तीन महीनों में पर्यटन वर्ष कार्यक्रम चलाया था, लेकिन पिछले तीन महीनों में पर्यटन संवर्धन कार्यक्रमों का अभाव रहा है। कोशी पर्यटन वर्ष 2025 के सह-संयोजक भाविश श्रेष्ठ कहते हैं कि कोशी प्रांत सरकार ने ‘कोशी का गौरव, हिमालय की शान, पर्यटन वर्ष में सबका सम्मान’ के मुख्य नारे के साथ इस कार्यक्रम की शुरुआत की है।

यह कार्यक्रम सरकारी और निजी क्षेत्र की समान भागीदारी से पर्यटन वर्ष को सफल बनाने का प्रयास कर रहा है।

उनके अनुसार, धार्मिक, प्राकृतिक, सांस्कृतिक, शैक्षिक, स्वास्थ्य, खेल और अन्य क्षेत्रों से भी पर्यटक आ रहे हैं।

कोशी प्रांत सरकार ने कोरोना महामारी से प्रभावित पर्यटन क्षेत्र को पुनर्जीवित करने के लिए पर्यटन वर्ष 2025 कार्यक्रम शुरू किया है।

कोशी प्रांत के मुख्यमंत्री हिकमत कुमार कार्की ने कहा कि पर्यटन के माध्यम से नेपाल के विदेशी ऋण और व्यापार घाटे को कम किया जा सकता है और ऊर्जा, जल विद्युत, पर्यटन और हर्बल औषधि के क्षेत्र में काम किया जाएगा। पर्यटन उद्यमी और कोशी पर्यटन वर्ष 2025 के सह-संयोजक भाविश श्रेष्ठ के अनुसार, प्रांत में लगभग 500 पर्यटक-स्तरीय होटल और 150 वन-स्टार से लेकर पाँच-स्टार तक के होटल हैं।

उनके अनुसार, इन होटलों में प्रतिदिन 3,000 पर्यटकों के ठहरने की क्षमता है। श्रेष्ठ का कहना है कि पिछले महीने पूर्वी पहाड़ी जिलों में आई बाढ़ और भूस्खलन ने भी पर्यटन क्षेत्र को सीधे तौर पर प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि छठ पर्व के बाद पर्यटन वर्ष 2025 का और प्रचार-प्रसार किया जाएगा।

कोशी प्रांत भौगोलिक, सांस्कृतिक और धार्मिक पर्यटन की दृष्टि से सुंदर माना जाता है। यह दुनिया की सबसे ऊँची चोटी, 8,848 मीटर ऊँची माउंट एवरेस्ट से लेकर नेपाल के सबसे निचले बिंदु, कचनकावल, जो समुद्र तल से 70 मीटर ऊपर है, तक कई प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों का घर है।

इलम स्थित श्री अंतुदंडा में सूर्योदय देखने के लिए प्रतिदिन हजारों देशी-विदेशी पर्यटक आते हैं। कोशी टप्पू अभ्यारण्य क्षेत्र में पक्षी दर्शन से लेकर वेटाना आर्द्रभूमि के कछुओं तक, पर्यटक यहाँ आकर्षित होते हैं।

कोशी प्रांत सरकार ने इस प्रांत के 13 स्थानों को पारिस्थितिक स्थलों की सूची में और 10 को ट्रैकिंग ट्रेल्स के रूप में शामिल किया है। सरकारी आँकड़ों के अनुसार, हर साल 43 प्रतिशत विदेशी और 57 प्रतिशत घरेलू पर्यटक सबसे ऊँची चोटी माउंट एवरेस्ट देखने इस प्रांत में आते हैं।

धनकुटा में छिनतांग, तपलेजंग में पाथिभरा मंदिर, खोतांग में हलेसी, सुनसरी में बराह क्षेत्र धार्मिक पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण क्षेत्र हैं। इलम में चाय के बागान, धनकुटा में भेड़ेतर, भोजपुर में तमकेम्यंगदंडा, पंचथर में साधुतर आकर्षक पर्यटन स्थल माने जाते हैं।

एवरेस्ट, मकालू, कंचनजंगा, ल्होत्से और चोयू सहित पर्वत श्रृंखलाएँ विदेशी पर्यटकों को आकर्षित करती हैं। एवरेस्ट, मकालू और कंचनजंगा बेस कैंपों तक की ट्रेकिंग साहसिक और दिलचस्प मानी जाती है।

इसके साथ ही फाल्गुनंदा ट्रेकिंग, मुंडम ट्रेल, सभापोखरी ट्रेक को इको-टूरिज्म का आधार माना जाता है।

Please Share this News
  • Ramchandra Rawat

    चीप एडिटर - इंडिया न्यूज़ जक्शन

    सम्बंधित ख़बर

    पत्रकार सत्यम मिश्रा के हमलावरों की तत्काल हो गिरफ्तारी – सेराज अहमद कुरैशी

      गोंडा, उत्तर प्रदेश। इंडियन जर्नलिस्ट एसोसिएशन ® के राष्ट्रीय अध्यक्ष सेराज अहमद कुरैशी ने पत्रकार सत्यम मिश्रा पर हुए हमले की कड़ी शब्दों निंदा करते हुए कहा कि पत्रकारों…

    Please Share this News

    सीरतुन्नबी कॉम्पिटिशन सीजन-2 की विजेता बनीं नगमा खातून, जीता फ्री उमराह पैकेज व ट्राफी

      सीरतुन्नबी, कुरआन और साइंस के तालमेल पर हुआ विशेष व्याख्यान। कलमा शरीफ पढ़ने की मुहिम भी शुरू, दो करोड़ 39 लाख 58 हजार 838 दुरूद शरीफ पेश की। सेराज…

    Please Share this News

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *